दुनिया भर में मोतियाबिंद को अंधेपन का सबसे बड़ा कारण माना जाता है। इस बीमारी का इलाज दवाओं या आई ड्रॉप से संभव नहीं है। सर्जरी ही इसका एकमात्र प्रभावशाली इलाज है। मोतियाबिंद का विकास काफी धीमी गति से होता है। इसलिए सर्जरी की तारीख को आगे बढ़ाया जा सकता है। दवाओं, चश्मा या आई ड्रॉप से केवल मोतियाबिंद की विकास दर को धीमा किया जा सकता है। लेकिन ये इसका परमानेंट इलाज नहीं हैं।
अगर आपको मोतियाबिंद है और इसकी वजह से आपका दैनिक जीवन बुरी तरह से प्रभावित नहीं होता है। साथ ही, अगर आप अभी इसकी सर्जरी नहीं कराना चाहते हैं तो कुछ खास उपायों की मदद से अपने मोतियाबिंद को नियंत्रित कर सकते हैं। ऐसा करने से आपको काफी फायदा हो सकता है जैसे कि आप अपने मनपसंद की शारीरिक गतिविधयों में शामिल हो सकते हैं और बिना किसी पर निर्भर हुए अपने दैनिक जीवन के कामों को आसानी से पूरा कर सकते हैं।
मोतियाबिंद को नियंत्रित करने के निम्नलिखित उपाय हैं:-
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01. प्रिस्क्रिप्शन चश्मा बनवाएं
अगर आप मोतियाबिंद के लक्षणों को कम करके अपनी दृष्टि को थोड़ा बेहतर बनाना चाहते हैं तो एक नेत्र रोग विशेषज्ञ से मिलकर अपने मोतियाबिंद की जांच कराएं और उसके आधार पर खुद के लिए एक चश्मा बनवाएं। चश्मा की मदद से आप अपने दैनिक जीवन के कामों को आसानी से कर पाएंगे।
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02. डायबिटीज को संतुलित रखें
अगर आप डायबिटीज से पीड़ित हैं तो चाय, चावल, आलू या दूसरी सभी मीठी चोजों से परहेज करें। डायबिटीज का स्तर बढ़ने पर मोतियाबिंद के गंभीर रूप लेने का खतरा बढ़ जाता है। इसलिए मोतियाबिंद के साथ-साथ डायबिटीज होने पर आपको अपने खान-पान और जीवनशैली पर खास ध्यान देना चाहिए। अपने डायबिटीज के स्तर को सामान्य रखने की हर कोशिश करें।
03. अपनी आंखों को सूरज की रौशनी से बचाएं
मोतियाबिंद होने पर रौशनी के चारों तरफ एक गोलाकार परछाई दिखाई देती है जिसके कारण आपको काफी परेशानियां हो सकती हैं। अपनी आंखों को सूरज की तेज रौशनी से बचाकर रखें। सूरज की रौशनी के कारण आपकी आंखें चौंधिया सकती हैं। अपनी आंखों को सूरज या दूसरी किसी भी तेज रौशनी के संपर्क में आने से बचाएं। क्योंकि मोतियाबिंद पर इसका बुरा प्रभाव पड़ता है।
04. सिगरेट से दूर रहें
मोतियाबिंद से पीड़ित होने पर दृष्टि धुंधली हो जाती है जिसके कारण मरीज को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। कई बार लापरवाही बरतने पर मोतियाबिंद अंधेपन का कारण भी बन सकता है। शोध के मुताबिक सिगरेट का धुवां मोतियाबिंद की विकास दर को दोगुना कर सकता है। इसके कारण मोतियाबिंद की स्थिति गंभीर हो सकती है और आपको तुरंत सर्जरी की आवश्यकता भी पड़ सकती है।
अगर आप सिगरेट पीते हैं तो सबसे पहले सिगरेट का सेवन पूरी तरह से बंद कर दें। साथ ही, आप अपनी आंखों को सिगरेट की धुवां से बचाकर रखें। इसके लिए आपको सिगरेट की दूकान के साथ-साथ उन लोगों से भी दूर रहना चाहिए जो सिगरेट पीते हैं। ऐसा करने से आपका मोतियाबिंद काफी हद तक नियंत्रित हो सकता है और इसके लक्षणों में भी सुधार आ सकता है। सिगरेट का धुवां मोतियाबिंद के लिए जहर की तरह माना जाता है।
05. खान-पान पर ध्यान दें
खान-पान आपके शरीर को स्वस्थ बनाने के साथ-साथ आपकी आंखों को भी स्वस्थ रखते हैं। अगर आपको मोतियाबिंद है तो अपने डाइट में एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर चीजों को शामिल करें। क्योंकि ये आंखों के लिए बहुत फायदेमंद होते हैं। अनार, अंगूर, स्ट्रॉबेरीज और रास्पबेरी को एंटीऑक्सीडेंट्स का बेस्ट स्रोत माना जाता है। इसलिए आप इन्हें अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं।
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इन सबके अलावा, आपको विटामिन्स और मिनरल्स से भरपूर ताजे फलों और हरी पत्तेदार सब्जियों को भी अपनी डाइट में शामिल करना चाहिए। क्योंकि ये भी मोतियाबिंद में बहुत फायदेमंद साबित होते हैं। विटामिन्स और मिनरल्स की पूर्ति करने के लिए आप संतरे, नींबू, पपीता, पालक, पत्ता गोभी, ब्रोकली और आलू का सेवन कर सकते हैं। लेकिन ध्यान रहे, अगर आपको डायबिटीज है तो आलू या दूसरी मीठी चीजों का सेवन नहीं करना चाहिए।
06. ग्रीन टी का सेवन करें
यह एक आयुर्वेदिक औषधि है जिसकी मदद से मोतियाबिंद को बहुत ही आसानी से नियंत्रित किया जा सकता है। अगर आप मोतियाबिंद के लक्षणों को इम्प्रूव करना चाहते हैं तो कुछ महीनों तक रोजाना सुबह खाली पेट ग्रीन टी का सेवन करें। इससे आपको काफी आराम मिलेगा।
07. आंखों में तेज हवा और धूल जाने से बचाएं
जब तक आप मोतियाबिंद का ऑपरेशन नहीं करा लेते तब तक के लिए बाइक या गाड़ी चलाने से बचें। क्योंकि गाड़ी चलाते समय आपकी आंखों में धूल या तेज हवा जा सकती है जिसका मोतियाबिंद पर बुरा असर पड़ सकता है। गाड़ी चलाने, हवा में बाहर निकलने और आंखों को धूल या गंदगी के संपर्क में आने से बचाएं।
निष्कर्ष
ऊपर बताए गए बिंदुओं की मदद से आप कुछ समय के लिए मोतियाबिंद को नियंत्रित और उसके लक्षणों को इम्प्रूव कर सकते हैं। अंतत: आपको इसका इलाज कराना ही पड़ेगा। लंबे समय तक मोतियाबिंद को नजरअंदाज करने या समय पर इसका उचित इलाज नहीं कराने पर अंधेपन का खतरा बढ़ जाता है।
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इसलिए मोतियाबिंद का इलाज आवश्यक है। यह दवाओं, आई ड्रॉप, घरेलू नुस्खों, डाइट या व्यायाम से या फिर अपने आप ठीक नहीं होता है। मोतियाबिंद का एक एकेला सफल इलाज सर्जरी है। सर्जरी से मोतियाबिंद को हमेशा के लिए ठीक किया जा सकता है। सर्जरी के दौरान नेत्र सर्जन खराब लेंस को बाहर निकालकर उसकी जगह एक कृत्रिम लेंस लगा देते हैं।
मोतियाबिंद की सर्जरी को कई तरह से किया जाता है। लेकिन उन सबमें लेजर सर्जरी को इसका बेस्ट इलाज माना जाता है। लेजर सर्जरी मोतियाबिंद का एक मॉडर्न और एडवांस इलाज है जिसके दौरान मरीज को कट, टांके, ब्लीडिंग या दूसरी किसी भी तरह की परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ता है।
हमारे प्रिस्टीन केयर क्लिनिक में लेजर सर्जरी से मोतियाबिंद का इलाज किया जाता है। इस सर्जरी को एक अनुभवी, कुशल और विश्वसनीय नेत्र रोग विशेषज्ञ के द्वारा पूरा किया जाता है। अगर आप अपने शहर के टॉप रेटेड क्लिनिक में मोतियाबिंद का बेस्ट इलाज पाना चाहते हैं तो अभी हमसे संपर्क कर सकते हैं।
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