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मोहन के लिंग की उत्तेजना दिन-ब-दिन कम होती जा रही थी और उन्होंने इंटरनेट पर इसके बारे में सर्च किया तब उन्हें इरेक्टाइल डिसफंक्शन के बारे में पता चला। मोहन कहते हैं “सेक्स के दौरान मेरे लिंग की उत्तेजना लगातार कम होती जा रही थी। मैनें इसके बारे में इंटरनेट पर सर्च किया और मुझे पता चला कि इस समस्या को इरेक्टाइल डिसफंक्शन कहते हैं। तब मैनें इसके डॉक्टर की खोज शुरू की और मेरी खोज Pristyn Care पर आकर रुकी जहां मेरी मुलाकात डॉक्टर रोहित से हुई।” 

डॉक्टर रोहित से मिलने के बाद मोहन ने उनसे कई प्रश्न किये जिन्हें नीचे बताया गया है। 

डॉक्टर मोहन को समझाते हैं “इरेक्टाइल डिसफंक्शन (Erectile Dysfunction in Hindi) पुरुषों में पाया जाने वाला एक यौन विकार है। इसे नपुंसकता भी कहा जाता है। यह एक ऐसा बीमारी है जिसमें पुरुष इरेक्शन (Erection) कर पाने में असमर्थ होता है या फिर उसे बहुत कम समय के लिए इरेक्शन होता है। इरेक्टाइल डिसफंक्शन की समस्या हर उम्र के पुरुषों में देखी जा सकती है। यह बीमारी ज्यादातर उन पुरुषों में देखी जाती है जिनकी उम्र 45 वर्ष से अधिक होती है। (आगे पढ़ें: प्रेगनेंसी से बचने के घरेलू उपाय)

पुरुष के सेक्शुअली एक्साइटेड (Sexually Excited) होने के बाद उनका दिमाग प्राइवेट पार्ट्स की नसों में खून की सर्कुलेशन को तेज कर देता है जिससे लिंग खड़ा हो जाता है। इरेक्टाइल डिसफंक्शन की समस्या तब उत्पन्न होती है जब सेक्शुअली एक्साइटेड होने के बावजूद लिंग में तनाव नहीं आ पाता है। ऐसे में आप अपनी सेक्सुअल लाइफ से असंतुष्ट रहते हैं।” (इसे भी पढ़ें: सेक्स करने का सबसे बेस्ट तरीका)

Table of Contents

इरेक्टाइल डिसफंक्शन के प्रकार — Types of Erectile Dysfunction in Hindi

नपुंसकता (इरेक्टाइल डिसफंक्शन) दो प्रकार की हो सकती है-

शॉर्ट टर्म इरेक्टाइल डिसफंक्शन — Short Term Erectile Dysfunction in Hindi

शॉर्ट टर्म इरेक्टाइल डिसफंक्शन हमारी लाइफ स्टाइल से जुड़ा है। थकान, बेचैनी, स्ट्रेस की समस्या या शराब का अधिक सेवन करने पर शार्ट टर्म इरेक्टाइल डिसफंक्शन की समस्या हो सकती है। यह समस्या तब अपने आप दूर हो जाती है जब आप लाइफ स्टाइल में सुधार कर लेते हैं। इस प्रकार की नपुंसकता के लिए कोई बड़ा इलाज करने की जरूरत नहीं होती है।

लॉन्ग टर्म इरेक्टाइल डिसफंक्शन — Long Term Erectile Dysfunction in Hindi

अगर बहुत समय से इरेक्शन नहीं हो पा रहा है तो इसके पीछे जरूर कोई ना कोई बड़ी वजह है। कई बीमारियां जैसे कोलेस्ट्रॉल (Choletsertol) का बढ़ना, डायबिटीज (Diabetes) या हाई ब्लड प्रेशर (High Blood Pressure) की समस्या होने पर प्राइवेट पार्ट का ब्लड फ्लो (Blood Flow) प्रभावित होता है। इससे आपको लॉन्ग टर्म नपुंसकता की समस्या हो सकती है। टेस्टोस्टेरॉन (Testosterone) हार्मोन की कमी भी नपुंसकता का कारण बन सकती है। 

इरेक्टाइल डिसफंक्शन के लक्षण — Symptoms of Erectile Dysfunction in Hindi

  • इरेक्शन होने में समस्या होना
  • बहुत कम समय के लिए इरेक्शन होना
  • सेक्स की इच्छा में कमी आना

इरेक्टाइल डिसफंक्शन के कारण — Causes of Erectile Dysfunction in Hindi

स्तंभन दोष के 2 मुख्य कारण हो सकते हैं-

  1. शारीरिक कारण
  2. मनोवैज्ञानिक कारण

इरेक्टाइल डिसफंक्शन के शारीरिक कारण — Physical Causes of Erectile Dysfunction in Hindi

  • मोटापा
  • हृदय रोग
  • डायबिटीज
  • उच्च रक्तचाप 
  • पार्किंसंस रोग
  • उच्च कोलेस्ट्रॉल
  • लो मेटाबोलिज्म (Low Metabolism)
  • नशीली पदार्थों का सेवन (तम्बाकू, शराब)
  • पेल्विक क्षेत्र में अगर सर्जरी हो चुकी है तो
  • ब्लड वेसल्स (Blood vessels) में रुकावट 

इरेक्टाइल डिसफंक्शन के मनोवैज्ञानिक कारण — Psychological Causes of Erectile Dysfunction in Hindi

हमारा मस्तिष्क शरीर के कई जरूरी कार्यों में सहयोग और संचालन करता है। मस्तिष्क नपुंसकता का भी कारण बन सकता है। क्योंकि संभोग हमारे फीलिंग्स पर भी निर्भर करता है।

  • काम का स्ट्रेस
  • पार्टनर के साथ रिश्ते में अनबन और तनाव
  • चिंता, अवसाद और अन्य मानसिक स्वास्थ्य विकार होने पर

इरेक्टाइल डिसफंक्शन का इलाज — Treatment of Erectile Dysfunction in Hindi

इरेक्टाइल डिसफंक्शन के कई इलाज हैं। सर्वप्रथम डॉक्टर यह सुनिश्चित करते हैं कि कौन से वह कारक हैं जिनकी वजह से इरेक्टाइल डिसफंक्शन की शिकायत हो रही है। आपके शरीर का परीक्षण करने के बाद डॉक्टर आपको इलाज और और उसेक फायदे तथा नुकसान के बारे में बताते हैं। इरेक्टाइल डिसफंक्शन का इलाज कई तरीकों से किया जा सकता है जो इस प्रकार हैं:-

ओरल मेडिकेशन — Oral Medication For Erectile Dysfunction in Hindi

  • सिल्डेनाफिल (Sildenafil) 
  • टेडलाफिल (Tadalafil)
  • वार्डेनफिल (Vardenafil)
  • अवैनफिल (Avanafil)

ऊपर बताई गई सभी दवाइयों में नाइट्रिक ऑक्साइड (Nitric Oxide) मौजूद होता है। नाइट्रिक ऑक्साइड एक ऐसा रसायन है जिससे लिंग की मांसपेशियों को आराम मिलता है और उत्तेजना बढ़ती है जिसकी वजह से इरेक्शन करने में आसानी होती है।

आगे पढ़ें: सेक्स पावर बढ़ाने का सबसे बेस्ट तरीका

अन्य मेडिकेशन — Other Medications For Erectile Dysfunction in Hindi

एलप्रोस्टेडिल सेल्फ इंजेक्शन — Alprostadil Self-Injection For Erectile Dysfunction in Hindi

इस प्रक्रिया के दौरान आपको एक बारीक नीडल (Needle) अपने लिंग के निचले भाग में इंजेक्ट (Inject) करना होता है। प्रत्येक नीडल से आप 1 घंटे तक इरेक्शन कर पाते हैं। सुई बहुत बारीक होती है इसलिए दर्द की शिकायत नहीं होती। हालांकि, इसके साइड इफेक्ट्स (Side effects) के तौर पर ब्लीडिंग की समस्या हो सकती है।

टेस्टेस्टेरॉन रिप्लेसमेंट — Testosterone Replacement For Erectile Dysfunction in Hindi 

कई पुरुषों में टेस्टोस्टेरोन हॉरमोन (Hormone) की कमी के कारण स्तंभन दोष की शिकायत होती है। ऐसे में टेस्टोस्टरॉन रिप्लेसमेंट थेरेपी (Therapy) अपनाई जा सकती है। इस उपचार के बाद शरीर में टेस्टोस्टेरोन हार्मोन दुबारा से बड़ी मात्रा में आ जाते हैं जिससे इरेक्शन में सुधार आता है।

एल-अर्जिनिन — L-arginine For Erectile Dysfunction in Hindi

आप इसे शरीर में नाइट्रिक ऑक्साइड (Nitric Oxide) बढ़ाने की आयुर्वेदिक दवा कह सकते हैं। वास्तव में यह एक अमीनो एसिड (Amino Acid) है जो रक्त वाहिकाओं को फैलाकर रक्त संचार तेज करती है। रोजाना 5 ग्राम एल-अर्जिनिन का सेवन करने से इरेक्शन क्षमता को बढ़ाया जा सकता है।

साथ ही साथ उन पदार्थों का अधिक से अधिक सेवन करना चाहिए जिसमें l-arginine भारी मात्रा में पाया जाता है। इस अमीनो एसिड के कई सप्लीमेंट भी मार्केट में उपलब्ध हैं जिन्हें डॉक्टर की राय लेने के बाद प्रयोग में लाया जा सकता है।

स्तंभन दोष के घरेलू इलाज — Home Remedies For Erectile Dysfunction in Hindi

लहसुन

  • लहसुन की मदद से इरेक्टाइल डिसफंक्शन की समस्या को दूर किया जा सकता है। इसमें एलिसिन (Allicin) नामक तत्व पाया जाता है जो लिंग में रक्त के प्रवाह को तेज करता है। रोजाना दो से तीन कलियों को भूनकर खाने से स्तंभन दोष में लाभ मिलता है।
  • इसका प्रयोग मक्खन के साथ भी किया जा सकता है। इसकी दो से तीन कलियों को मक्खन में तब तक भूनें जब तक वह सुनहरी नहीं हो जाती। सुनहरी होने के बाद आप इसे खा सकते हैं।
  • लहसुन को धूप में सुखाकर पाउडर बना लीजिए। एक चम्मच लहसुन के पाउडर के साथ एक चम्मच लाल मिर्च पाउडर मिलाएं और सोने से पहले एक गिलास पानी के साथ इसका सेवन करें। इससे इरेक्टाइल डिसफंक्शन की समस्या से छुटकारा मिलता है।

गाजर

  • गाजर में हाई बीटा कैरोटीन (Beta Carotene) मोजूद होता है जिससे स्तंभन दोष की समस्या में लाभ मिलता है। 
  • इसका चूर्ण बना लें और एक गिलास दूध के साथ 2 बड़े चम्मच गाजर का चूर्ण मिलाएं। फिर रोजाना सोने से पहले इस दूध का सेवन करें। गाजर का सलाद खाने से भी इरेक्टाइल डिसफंक्शन से छुटकारा मिलता है।

अदरक

  • अगर आपको स्तंभन दोष की समस्या है या समय से पहले ही स्खलित हो जाते हैं तो आपके लिए अदरक बहुत उपयोगी औषधि साबित हो सकता है। अदरक में कामोद्दीपक (erotic) गुण मौजूद होते हैं जिससे इरेक्टाइल डिसफंक्शन की समस्या को दूर किया जा सकता है।
  • एक मध्यम आकार के अंडे को उबालें और इसे पीस लें। अब अंडे में एक चम्मच शहद और आधा चम्मच अदरक का चूर्ण मिलाएं। रोजाना रात में सोने से पहले इसका सेवन करें। 1 महीने तक इस उपचार को उपयोग में लाने के बाद इरेक्टाइल डिसफंक्शन की समस्या में काफी हद तक कमी आती है।

अनार

  • अनार का सेवन करने से शरीर की मांसपेशियां रिलैक्स और रक्त संचार बेहतर होता है। अनार का सेवन करने से शरीर में नाइट्राइट ऑक्साइड (Nitrite oxide) की मात्रा बढ़ जाती है जिससे रक्त का संचार बेहद सुलभ तरीके से होता है। यह इरेक्टाइल डिसफंक्शन से लड़ने में भी सहायक है। 
  • रोजाना ताजे अनार का ज्यूस पीने से स्तंभन दोष की समस्या से राहत मिलती है। बाजार में अनार के कई सप्लीमेंट्स (Supplements) मौजूद हैं आप उनका भी सेवन किया जा सकता है लेकिन इससे पहले अपने डॉक्टर से अवश्य राय लें। 

आगे पढ़े: इरेक्टाइल डिसफंक्शन का आयुर्वेदिक इलाज — Ayurveda Treatment For Erectile Dysfunction in Hindi

पेल्विक फ्लोर एक्सरसाइज 

स्तंभन दोष से लड़ने के लिए पेल्विक फ्लोर एक्सरसाइज बेहद सरल तरीका है। इरेक्टाइल डिसफंक्शन से पीड़ित पुरुषों के ऊपर एक शोध किया गया। इस शोध में पुरुषों को 6 महीने तक पेल्विक फ्लोर एक्सरसाइज करने की सलाह दी गई। 6 महीने बाद 40 प्रतिशत पुरुषों की सेक्स क्षमता पुनः सामान्य हो गयी थी। आप भी पेल्विक फ्लोर एक्सरसाइज कर यौन क्षमता को बढ़ा सकते हैं।

जो मांशपेशियां पेशाब करते वक़्त उपयोग होती हैं उन्हें सिकोड़ने और छोड़ने से अच्छी एक्सरसाइज हो जाती है। इन मांशपेशियों को 10 से 20 सेकंड तक के लिए सिकोड़े और इतने ही समय तक छोड़ें। ऐसा लगातार दिन में दस बार करें आपको अवश्य लाभ होगा।

बादाम

आयुर्वेद में विश्वास रखने वाले व्यक्ति स्तंभन दोष में बादाम का प्रयोग करते हैं। इसमें विटामिन ई (Vitamin E) अधिक मात्रा में पाई जाती है जो बॉडी को रिलैक्स और इरेक्शन को बढ़ाने का काम करती है। एक बड़े चम्मच से बादाम का चूर्ण एक गिलास दूध में मिलाएं और सोने से पहले पिएं। इसके अलावा, मुट्ठी भर ‘बादाम’ दूध या पानी में भिगो कर रख दें और सोने से पहले अच्छी तरह से चबाएं। एक महीने तक ऐसा करने से आपकी स्थिति में सुधार आता है।

प्याज

  • सेक्स से जुड़ी कई समस्याओं का निवारण करने के लिए प्याज का इस्तेमाल किया जाता है। इसमें ऐसे गुण पाए जाते हैं जो इरेक्शन का समय बढ़ाने में मदद करते हैं। एक बड़े प्याज को बारीक काट लें और मध्यम आंच में अच्छी तरह से भूनें। सुनहरा हो जाने के बाद इसका सेवन करें। 
  • इसके अलावा, एक बड़े प्याज को काटकर पानी के साथ 10 से 15 मिनट तक उबालें। ठंडा हो जाने के बाद एक कप पानी छानकर पी लें। एक महीने तक इस उपचार को इस्तेमाल में लाएं।

इरेक्टाइल डिसफंक्शन से बचाव — Prevention From Erectile Dysfunction in Hindi

कई ऐसे कारण होते हैं जिनपर अगर काबू पा लिया जाए तो इरेक्टाइल डिसफंक्शन की समस्या को आसानी से दूर किया जा सकता है। आइये जानते हैं कि किन चीजों का परहेज कर आप इरेक्टाइल डिसफंक्शन से आसानी से बच सकते हैं।

  • शराब, धूम्रपान आदि नशा युक्त पदार्थ से दूरी बनाए रखें।
  • वजन कंट्रोल करें। इसके लिए आप व्यायाम और तरह-तरह की एक्सरसाइज का सहारा ले सकते हैं। 
  • खान पान पर विशेष ध्यान दें। ऐसे पदार्थों का सेवन न करें जिनमें कोलेस्ट्रॉल की अधिक मात्रा पाई जाती हो या जिससे शरीर में सुगर लेवल ज्यादा घटता या बढ़ता है।

अगर आप मेडिकेशन के जरिये इरेक्टाइल डिसफंक्शन का इलाज करवाना चाहते हैं तो Pristyn Care आपके लिए एक बेहतर विकल्प हो सकता है।

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