ओवरी में गाँठ, जिसे ओवेरियन सिस्ट भी कहते हैं, अंडाशय के भीतर या सतह पर तरल पदार्थ की थैली है। इसे हिंदी में डिंबग्रंथि पुटी कहते है।
ओवेरियन सिस्ट गैर-कैंसर वाले होते हैं, लेकिन शायद ही, कभी कैंसर के रूप में विकसित हो सकते हैं। आमतौर पर यह कोई लक्षण पैदा नहीं करते हैं। यह तब लक्षण पैदा करते हैं जब फट जाते हैं।
एक या दोनों अंडाशय से सिस्ट को हटाना ओवरी में गाँठ का ऑपरेशन कहलाता है। एक ही अंडाशय में कई गाँठ मौजूद हो सकते हैं।
ओवरियन सिस्ट के ज्यादातर केसेस में सर्जरी की जरूरत नहीं पड़ती है, लेकिन इसके लक्षण नजर आने पर जांच अवश्य कराना चाहिए।
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ओवरी में गाँठ का ऑपरेशन कब किया जाता है?
ऑपरेशन से पहले डॉक्टर निम्न टेस्ट कर सकता है:
- फिजिकल जांच
- ब्लड टेस्ट
- मूत्र परीक्षण
- सीटी स्कैन
- अल्ट्रासाउंड
- चल रही दवाइयों की समीक्षा
- CA 125 रक्त परीक्षण
सिस्ट की जांच के बाद अगर निम्न गंभीर परिस्थितियां मालुम पड़ती हैं तो इलाज के लिए सर्जरी की जा सकती है:
- गाँठ कैंसर युक्त है या भविष्य में कैंसर युक्त होने की संभावना है (ओवेरियन सिस्ट कैंसर की संभावना मेनोपाज के दौर से गुजर चुकी महिलाओं में अधिक रहती है)
- गाँठ का डायमीटर अगर 2.5 इंच से ज्यादा है, बड़े आकार के सिस्ट
- गाँठ के भीतर का पदार्थ तरल के बजाय कठोर है। ठोस सिस्ट के कैंसर में बदलने की संभावना अधिक होती है। इन्हें कॉम्प्लेक्स सिस्ट भी कहा जाता है।
- अगर सिस्ट गंभीर पेल्विक पेन का कारण बन रहा है।
- सिस्ट फट गया है और ब्लीडिंग हो रही है।
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ऑपरेशन से पहले
ओवेरियन गाँठ की सर्जरी से पहले रोगी को निम्न आदेश दिए जाते हैं:
- ओवेरियन सिस्ट ऑपरेशन के 8 घंटा पहले से रोगी को कुछ खाने या पीने की मनाही होती है।
- अगर रोगी की पहले से दवाइयां चल रही हैं तो सिस्ट सर्जरी के एक हफ्ते पहले तक कुछ दवा लेने से रोका जा सकता है।
- खून पतला करने वाले खाद्य पदार्थों या दवा का सेवन करने से मना कर दिया जाता है।
ओवरी में गाँठ का ऑपरेशन
ओवरी की गाँठ का इलाज के लिए दो प्रचलित सर्जरी मौजूद हैं:
लेप्रोस्कोपी (Laparoscopy)
लेप्रोस्कोपिक सर्जरी की मदद से कई प्रकार के सिस्ट को हटाया जा सकता है। आजकल यह सबसे अधिक इस्तेमाल की जाने वाली प्रक्रिया है।
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यह एक प्रकार की की-होल सर्जरी है जिसमें पेट के निचले दाएं हिस्से में कई छोटे-छोटे कट लगाए जाते हैं। यह प्रक्रिया अधिकतर जनरल एनेस्थीसिया देकर की जाती है।
एक विशेष गैस को रोगी महिला के श्रोणि क्षेत्र में भरा जाता है, यह अंडाशय तक पहुँचने में मदद करता है।
अब कट के माध्यम से लेप्रोस्कोप (एक पतला और लचीला उपकरण जिसके एक अंत में लाइट और कैमरा लगा होता है) शरीर के भीतर डाला जाता है। साथ में गाँठ को हटाने के लिए अन्य सर्जिकल उपकरण डालें जाते हैं। इन उपकरणों की मदद से सर्जन गाँठ हटा देता है।
गाँठ हटा देने के बाद घुलनशील टांका लगाकार चीरा बंद कर दिया जाता है। यह कट वाले क्षेत्र में कोई निशान नहीं छोड़ता है।
अंडाशय की गाँठ का ऑपरेशन के लिए लेप्रोस्कोपिक तकनीक को अधिक प्राथमिकता दी जाती है। इस प्रक्रिया में लगभग 1-2 घंटा लगते हैं।
सर्जरी के दौरान कोई दर्द नहीं होता है। रिकवरी पीरियड में हल्का दर्द होना सामान्य है। कोई बड़ी जटिलताएं नजर नहीं आती हैं।
लेप्रोस्कोपिक ऑपरेशन के बाद उसी दिन या अगले दिन रोगी घर जा सकता है।
लेप्रोटॉमी (Laparotomy)
अगर सिस्ट का आकार बड़ा है, या कैंसर युक्त है तो लेप्रोटॉमी की जा सकती है।
यह ओवरी में गाँठ की ओपन सर्जरी है। इस प्रक्रिया में जनरल एनेस्थीसिया का उपयोग किया जाता है।
लेप्रोटॉमी के दौरान सिस्ट तक पहुँचने के लिए और एक बेहतर दृश्य प्राप्त करने के लिए पेट में एक बड़ा चीरा लगाया जाता है।
सर्जिकल उपकरणों की मदद से सिस्ट या पूरे अंडाशय को निकाला जा सकता है। निकाले गए टिश्यू को प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजा जा सकता है, ताकि अगर कैंसर है तो पता चल सके।
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इसके बाद टांका या स्टेपल की मदद से चीरा बंद कर दिया जाता है। लेप्रोटॉमी का स्कार पूरी तरह से समाप्त नहीं होता है। आप हमेशा के लिए अपने पेट में चीरे का मार्क या एक लाइन देखेंगे।
इस ऑपरेशन के बाद रोगी को 3-4 दिनों तक हॉस्पिटल में रहना पड़ता है।
ओवरी में गाँठ का ऑपरेशन के बाद रिकवरी
प्रत्येक ऑपरेशन के लिए रिकवरी टाइम अलग-अलग हो सकता है। ओवेरियन सिस्ट की लेप्रोस्कोपिक सर्जरी के बाद रिकवर होने में 6-8 हफ्ते लग सकते हैं।
लेप्रोटॉमी के बाद रिकवर होने में 12 सप्ताह का समय लग सकता है। इस दौरान स्ट्रेच एक्सरसाइज, भारी वजन उठाना, दौड़-भाग आदि से बचना चाहिए।
ओवरी में गाँठ की सर्जरी के बाद कुछ दिनों तक पेट में हल्का दर्द बना रह सकता है, यह सामान्य है। अगर निम्न लक्षण नजर आते हैं तो इसकी सूचना डॉक्टर को देनी चाहिए।
- संक्रमण के लक्षण
- बुखार और ठंड लगना
- अत्यधिक रक्तस्त्राव और दर्द
- चीरा से पस बहना या त्वचा का लाल होना
- योनि से असामान्य रक्तस्त्राव
- उल्टी और मतली महसूस होना
- खांसी, सिर दर्द और छाती में दर्द
लैप्रोस्कोपिक सर्जरी लैपरोटॉमी की तुलना में बेहतर रिकवरी प्रदान करती है।
निष्कर्ष
डिम्बग्रंथि पुटी ऑपरेशन के लिए दो प्रक्रियाएं उपलब्ध हैं। डॉक्टर चुनते हैं कि आपके लिए कौन सा विकल्प सही है।
Pristyn Care ओवरी में गाँठ का बेहतरीन इलाज करता है। आपके शहर के सबसे अनुभवी सर्जन लेप्रोस्कोपिक तरीके से गाँठ को हटाते हैं।
इलाज के बाद आपके स्वस्थ होने तक प्राधान्य फॉलो-अप की सुविधा दी जाती है। इस अवधि में हमारे डॉक्टर आपके स्वास्थ की देखभाल करते हैं। इस बारे में अधिक जानने के लिए आप हमें कॉल कर सकते हैं।
डिस्क्लेमर: यह ब्लॉग सामान्य जानकारी के लिए लिखा गया है| अगर आप किसी बीमारी से ग्रसित हैं तो कृपया डॉक्टर से परामर्श जरूर लें और डॉक्टर के सुझावों के आधार पर ही कोई निर्णय लें|