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एक्स्ट्राकोर्पोरियल शॉक वेव लिथोट्रिप्सी सर्जरी से जुड़ी सभी जरूरी बातें  

एक्स्ट्राकोर्पोरियल शॉक वेव लिथोट्रिप्सी स्टोन को निकालने का एक सर्जिकल इलाज है। इस प्रक्रिया के दौरान डॉक्टर एक बाहरी स्रोत से हाई फ्रिंक्वेंसी साउंड वेव का इस्तेमाल करते हैं, जिससे स्टोन्स छोटे छोटे टुकड़ों में बंट जाते हैं एवं यूरिनरी ट्रैक्ट के जरिए शरीर से बाहर आ जाते हैं। इस सर्जिकल इलाज का इस्तेमाल उन मरीजों को ठीक करने के लिए किया जाता है जो किडनी स्टोन पीड़ित होते हैं, किडनी स्टोन की वजह से उन्हें तेज दर्द होता है तथा पेशाब करने में परेशानी होती है। जब स्टोन डायमीटर में 4 mm और 2 cm के बीच होते हैं तब एक्स्ट्राकोर्पोरियल शॉक वेव लिथोट्रिप्सी सर्जरी करने कि अधिक संभावना होती है। 

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एक्स्ट्राकोर्पोरियल शॉक वेव लिथोट्रिप्सी सर्जिकल प्रक्रिया का इस्तेमाल यूरेटेरिक स्टोन्स, ब्लैडर स्टोन्स, और बेनिन प्रोस्टेटिक हाइपरप्लेसिया (Benign Prostatic hyperplasia, BPH) का इलाज करने के लिए भी किया जाता है। अगर आप प्रेगनेंट हैं या आपको ब्लीडिंग से संबंधित कोई डिसऑर्डर है, किडनी में अनट्रीटेड इंफेक्शन, यूरिनरी ट्रैक्ट में इंफेक्शन, किडनी कैंसर, या किडनी के काम करने में कोई असामान्यता है तो इन सभी बीमारियों का इलाज करने के लिए इस सर्जिकल प्रक्रिया का इस्तेमाल किया जा सकता है।        

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एक्स्ट्राकोर्पोरियल शॉक वेव लिथोट्रिप्सी कि सर्जरी की तैयारी के लिए आपको कुछ खास बातों का ध्यान रखना और अपने डॉक्टर के सभी सुझावों का पालन करना चाहिए। आपको सर्जरी से पहले किए जाने वाले जांच, सर्जरी से पहले एनेस्थीसिया की जांच, सर्जरी की योजना, सर्जरी से पहले निर्धारित की गई दवाइंया, सर्जरी से पहले खाली पेट रहना, सर्जरी का दिन, सामान्य सलाह आदि के बारे में आपको सही से पता होना चाहिए। ऐसा करने से सर्जरी के दौरान या उसके बाद होने वाली जटिलताओं एवं परेशानियों की संभावना कम से कम हो जाती है।

एक्स्ट्राकोर्पोरियल शॉक वेव लिथोट्रिप्सी की प्रक्रिया

एक्स्ट्राकोर्पोरियल शॉक वेव लिथोट्रिप्सी लगभग आधे घंटे की सर्जिकल प्रकिया है। इस सर्जरी के दौरान डॉक्टर आपको एक विशेष ऑपरेटिंग रूम में टेबल पर लिटाते हैं जिसपर पानी से भरा एक तकिया लगा होता है। इसी तकिये के द्वारा डॉक्टर हाई फ्रीक्वेंसी साउंड वेव्स को किडनी तक प्रेषित करते हैं। इस प्रक्रिया के दौरान एक्स-रे और अल्ट्रासाउंड का इस्तेमाल भी किया जाता है ताकि स्टोन के स्थान और स्टोन विखंडन की प्रभावशीलता के बारे में पता लगाया जा सके। कुछ मामलों में युरेटेरल स्टेंट का भी इस्तेमाल किया जाता है जिससे यरेटर को विस्तारित किया जा सके और यूरिनरी ब्लैडर से स्टोन को निकलने में आसानी हो।

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एक्स्ट्राकोर्पोरियल शॉक वेव लिथोट्रिप्सी सर्जरी खत्म होने के कुछ दिनों के बाद तक स्टोन के छोटे छोटे टुकड़े यूरिन के साथ शरीर से बाहर आते रहते हैं जिसके कारण आपको हल्का दर्द हो सकता है। कभी कभी कुछ मरीजों को फिर से इस सर्जिकल प्रक्रिया को करने की आवश्यकता पड़ सकती है। एक्स्ट्राकोर्पोरियल शॉक वेव लिथोट्रिप्सी सर्जरी के पहले 48 घंटों तक होने वाले यूरिन को छानकर स्टोन के टुकड़ों को जमा करें और एक सूखे कंटेनर में रखकर अपने डॉक्टर के पास ले जाएं और उन्हें दिखाएं ताकि उन स्टोन के टुकड़ों की जांच हो सके। 

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स्टोन के टुकड़ों को यूरिन के रास्ते आसानी से बाहर निकालने के लिए रोज कम से कम 8-10 गिलास पानी पीना पिएं। सर्जरी खत्म होने के लगभग 24 घंटों तक ड्राइविंग न करें। साथ ही साथ डॉक्टर द्वारा बताए समय और दिन पर नियमित से चेक-अप करवाएं तथा डॉक्टर द्वारा निर्धारित दवाओं का समय पर सही खुराक लें। सर्जरी के कुछ सप्ताह बाद आपके डॉक्टर फिर से कुछ जांच करने की सलाह दे सकते हैं ताकि आपके स्वस्थ्य का पूर्ण रूप से पता लगाया जा सके।        

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एक्स्ट्राकोर्पोरियल शॉक वेव लिथोट्रिप्सी के जोखिम 

एक्स्ट्राकोर्पोरियल शॉक वेव लिथोट्रिप्सी सर्जरी एक सुरक्षित और सफल प्रक्रिया है, लेकिन हर सर्जिकल प्रक्रिया की तरह इसके भी कुछ जोखिम और जटिलताएं होती हैं। इसमें स्टोन के टुकड़ों के शरीर से बाहर आने पर आपको दर्द होना, इंफेक्शन कि समस्या होना, स्टोन के टुकड़ों के कारण यूरिनरी ट्रैक्ट ब्लॉक हो जाता है, जिसके कारण आपको अन्य सर्जरी कराने की जरूरत पड़ना, और शॉक वेव्स के कारण टिशूज को नुकसान पहुंच सकता है, जिसकी वजह से किडनी के बाहर ब्लीडिंग होना आदि शामिल हैं।     

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अगर आप किडनी स्टोन की समस्या से परेशान हैं तो एक्स्ट्राकोर्पोरियल शॉक वेव लिथोट्रिप्सी के जरिए अपने स्टोन से छुटकारा पा सकते हैं। अगर आप इस ट्रीटमेंट की मदद से किडनी स्टोन से छुटकारा पाना चाहते हैं तो एक विशेषज्ञ डॉक्टर से परामार्श करने के बाद इलाज के इस माध्यम का इस्तेमाल कर सकते हैं। प्रिस्टीन केयर के पास देश के बेहतरीन सर्जन हैं जो लेप्रोस्कोपिक सर्जरी की मदद से आपके किडनी स्टोन को मात्र कुछ ही मिनटों में शरीर से बाहर निकालकर अपनी परेशानियों को दूर कर सकते हैं। लंबे समय तक किडनी स्टोन का इलाज नहीं कराने पर जान जाने का खतरा भी रहता है। इसलिए बिना देरी किए अपना इलाज कराएं और एक सुखी जीवन अपनाएं।   

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डिस्क्लेमर: यह ब्लॉग सामान्य जानकारी के लिए लिखा गया है| अगर आप किसी बीमारी से ग्रसित हैं तो कृपया डॉक्टर से परामर्श जरूर लें और डॉक्टर के सुझावों के आधार पर ही कोई निर्णय लें|

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