

भारत में सर्वश्रेष्ठ सर्जिकल अनुभव
बवासीर के इलाज के लिए हम विश्व के सबसे सुरक्षित और सर्वश्रेष्ठ तकनीक का प्रयोग करते हैं, जिसमें इलाज की शुरुआत नैदानिक परीक्षण और परामर्श सत्र के साथ होती है। इस इलाज की प्रक्रिया में कम से कम चीरे लगाए जाते हैं।
प्रिस्टीन केयर में हमारे पास जनरल सर्जन की एक विशेष टीम है, जो विश्वस्तरीय इलाज प्रदान करने के लिए प्रशिक्षित और अनुभव से परिपूर्ण है।
ऑपरेशन से पहले होने वाली सभी चिकित्सीय जांच में रोगी को मेडिकल सहायता दी जाती है। हमारे क्लीनिकों में बवासीर के इलाज के लिए लेजर एवं स्टेपलर प्रक्रियाओं का उपयोग किया जाता है, जो USFDA द्वारा प्रमाणित है।
हम ऑपरेशन के बाद सर्जन के साथ फ्री में सलाह लें का विकल्प भी देते हैं, ताकि ऑपरेशन के बाद रोगी जल्द से जल्द ठीक हो जाए।
ज्यादातर लोग पाइल्स का इलाज लेजर सर्जरी से करवाना पसंद करते हैं, क्योंकि इस सर्जरी के दौरान दर्द और ब्लड लॉस कम से कम होता है। साथ ही सर्जरी के बाद रिकवरी बहुत तेजी से होती है। सर्जरी के बाद मरीज को ज्यादा समय तक हॉस्पिटल में रुकने की कोई जरुरत नहीं पड़ती है, अस्पताल में कुछ घंटों के आराम के बाद वे अपने घर जा सकते हैं। आप बवासीर की सर्जरी कराने के लिए हमसे संपर्क कर सकते हैं। हम एडवांस तकनीक से बवासीर का इलाज करते हैं। भिवंडी में बवासीर का बेहतरीन इलाज करने के साथ-साथ हम अपने मरीजों को सभी डायग्नोस्टिक टेस्ट पर 30% तक की छूट, गोपनीय परामर्श, डीलक्स रूम और सर्जरी के बाद फ्री फॉलो-अप्स की सुविधाएं देते हैं।
अगर आप भिवंडी में बवासीर से पीड़ित हैं तो हम आपकी बीमारी को लेजर सर्जरी के जरिए हमेशा के लिए ठीक कर सकते हैं। पाइल्स के इलाज के सभी माध्यमों में ‘लेजर सर्जरी’ को सबसे बेहतर माना जाता है। इस सर्जरी को पूरा होने में लगभग 30 मिनट का समय लगता है। सर्जरी होने के कुछ ही घंटों के बाद मरीज अपने घर जा सकते हैं। पारंपरिक ऑपरेशन की तुलना में लेजर सर्जरी बहुत ही आसान और सुरक्षित तरीका है। इस सर्जिकल प्रक्रिया के दौरान मरीज को दर्द नहीं होता है और रिकवरी बहुत तेजी से होती है। प्रिस्टीन केयर भिवंडी में पाइल्स का इलाज के लिए सबसे बेस्ट विकल्प माना जाता है, क्योंकि हमारे पास अनुभवी और कुशल सर्जन की एक बड़ी टीम है जो बवासीर की सर्जरी पूरी परफेक्शन के साथ करते हैं। आमतौर पर लेजर सर्जरी के दौरान या बाद में मरीज को किसी भी प्रकार की कोई परेशानी नहीं होती है। अगर आप भिवंडी में बवासीर का बेस्ट इलाज पाना चाहते हैं तो हमसे संपर्क करें। हम आपसे बस एक फोन कॉल की दूरी पर हैं।
| Sr.No. | Doctor Name | Registration Number | Ratings | अनुभव | अपॉइंटमेंट बुक करें |
|---|---|---|---|---|---|
| 1 | Dr. Ajit Ravindra Dhake | 2002093395 | 4.7 | 24 + Years | अपॉइंटमेंट बुक करें |
| 2 | Dr. Rahul Machhindra Chaskar | 2004031779 | 4.5 | 24 + Years | अपॉइंटमेंट बुक करें |
| 3 | Dr. Abhinandan Sampathrao Jadhav | 2004020627 | 4.5 | 23 + Years | अपॉइंटमेंट बुक करें |
| 4 | Dr. Avinash Vishwani | 20250200973 | 4.5 | 23 + Years | अपॉइंटमेंट बुक करें |
| 5 | Dr. Bineet Jha | 2005/07/3097 | 4.7 | 21 + Years | अपॉइंटमेंट बुक करें |
| 6 | Dr. Rajratna Naresh Kamble | 2019127364 | 5.0 | 14 + Years | अपॉइंटमेंट बुक करें |
| 7 | Dr. Nelson V Junghare | 2014041492 | 4.8 | 12 + Years | अपॉइंटमेंट बुक करें |
| 8 | Dr. Shivani Manoj | 2016050870 | 5.0 | 11 + Years | अपॉइंटमेंट बुक करें |
बवासीर की लेजर सर्जरी के कोई भी साइड इफेक्ट नहीं होते है। यह पूरी तरह से सुरक्षित और सफल तरीका है। इसमें जरा भी डरने की जरूरत नहीं है।
भिवंडी में पाइल्स का लेजर इलाज करने के लिए Pristyn Care के पास सबसे अनुभवी डॉक्टर हैं, जिन्हें 15 से अधिक वर्षों का अनुभव है। यदि आप एक अच्छे डॉक्टर की देखरेख में उचित उपचार करवाना चाहते हैं और सर्जरी के बाद होने वाली जटिलताओं से बचना चाहते हैं तो हमें फोन करें या मुफ़्त अपॉइंटमेंट बुक करें।
तेलयुक्त और तले-भुने खाद्य पदार्थ एवं जंक फूड के सेवन से परहेज करें। सर्जरी के बाद कब्ज न हो इसके लिए व्यक्ति को दिन में कम से कम 30 ग्राम फाइबर का सेवन करना चाहिए। इसके साथ आप भरपूर मात्रा में पानी पिएं। दलिया, फल, दही आदि खाद्य पदार्थ बेहतर विकल्प हैं।
प्रिस्टीन केयर के डॉक्टर सुनिश्चित करते हैं कि मरीज को सर्जरी के दौरान किसी भी तरह का कोई दर्द न हो, इसलिए वो एनेस्थीसिया देकर सर्जरी करते है। एनेस्थीसिया लोकल या जनरल में से कोई एक हो सकती है। यह सर्जरी अनुभवी और कुशल सर्जन की निगरानी में की जाती है, जिन्हें बवासीर की गहरी समझ और लेजर सर्जरी में कई सालों का अनुभव प्राप्त है।
बवासीर को चार स्टेजों में बाटा गया है ग्रेड – 1 (मस्से गुदा के भीतर होते हैं, इस ग्रेड के बवासीर में सिर्फ ब्लीडिंग होती है),ग्रेड – 2 (मल त्याग के दौरान मस्से बाहर आ जाते हैं और बाद में अंदर चले जाते हैं),ग्रेड – 3 (बाहर आ जाते हैं और हाथ से दबाने पर अंदर चले जाते हैं),ग्रेड – 4 (स्थाई रूप से मस्से बाहर रहते हैं)